Lucknow Agnikand: लखनऊ के विकासनगर इलाके में बुधवार शाम एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। शाम करीब साढ़े 5 बजे झुग्गी-झोपड़ियों में लगी भीषण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया। इस दौरान एक के बाद एक 30 से ज्यादा गैस सिलेंडर फटने से पूरा इलाका धमाकों से गूंज उठा। आग की लपटें इतनी भयानक थीं कि उन्हें 10 किलोमीटर की दूरी से भी देखा जा सकता था। इस अग्निकांड में 250 से अधिक झुग्गियां जलकर राख हो गई हैं, जिससे सैकड़ों लोग खुले आसमान के नीचे आ गए हैं। एहतियात के तौर पर प्रशासन ने आसपास के करीब 20 पक्के मकानों को भी खाली करा लिया।
दमकल विभाग की 20 गाड़ियों ने करीब 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। बचाव कार्य के दौरान पूरे इलाके की बिजली काट दी गई थी, जिससे अंधेरा होने के कारण राहत कार्य में बाधा आई। स्थिति को संभालने के लिए मौके पर तत्काल जनरेटर और बड़ी लाइटों की व्यवस्था की गई। इस घटना में भारी जन-धन की हानि की आशंका है। एक युवक ने अपने चार बच्चों की मौत का दावा किया है, जिससे इलाके में कोहराम मचा हुआ है। वहीं, स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह आग दुर्घटनावश नहीं लगी, बल्कि जानबूझकर लगाई गई है।
हादसे की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को तुरंत मौके पर पहुंचने और राहत कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक भी घटनास्थल पर पहुंचे और बचाव कार्यों का जायजा लिया। इंसानों के साथ-साथ इस आग में कई बेसहारा पशु भी झुलस गए हैं। पशु कल्याण अधिकारी के मुताबिक, घायल गायों का इलाज किया जा रहा है और अन्य जानवरों को नगर निगम की गोशाला में शिफ्ट किया गया है।
दूसरी ओर, पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने इस घटना पर दुख जताते हुए सरकार से पीड़ितों के लिए भोजन, पानी और रहने की वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि गरीबों के नुकसान की भरपाई होनी चाहिए और मामले की हर पहलू से गहन जांच की जानी चाहिए ताकि साजिश की आशंकाओं को दूर किया जा सके। फिलहाल प्रशासन लापता लोगों की तलाश और नुकसान के आकलन में जुटा है।
